नई दिल्ली (विश्वास न्यूज)। चुनाव आयोग ने बिहार में मतदाता सूची के विशेष सघन पुनरीक्षण अभियान के पहले राउंड के बाद अपने आंकड़े जारी कर दिए हैं। इस विशेष गहन पुनरीक्षण (Special Intensive Revision) अभियान का विपक्षी दल विरोध भी कर रहे हैं। इस दौरान सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हो रहा है। इसमें कुछ महिलाओं को पहचान पत्र मांगने पर खरी-खोटी सुनाते हुए देखा जा सकता है।
विश्वास न्यूज की पड़ताल में पता चला कि वायरल वीडियो एआई जेनरेटेड है। यह वास्तविक नहीं है।
वायरल पोस्ट
फेसबुक यूजर Parvind Yadav ने 21 जुलाई को वीडियो शेयर (आर्काइव लिंक) किया है। इस पर लिखा है, “आधार कार्ड लाए, भतार लाए, स्मार्ट कार्ड लाए कौन कौन सा प्रूव लाए, पहचान पत्र पर भड़की चाची”

पड़ताल
वायरल वीडियो को ध्यान से देखने पर पता चलता है कि महिला के पीछे मौजूद महिलाएं दो-तीन बार एक साथ कुछ बोलती हैं। सभी के होंठ एकसाथ हिलते हैं। साथ ही उन्होंने हाथ में जो बैनर पकड़े हैं, उन पर लिखे शब्द समझ में नहीं आते। इससे हमें यह वीडियो संदिग्ध लगा।

इसका कीफ्रेम निकालकर उसे गूगल लेंस से सर्च करने पर यह हमें इंस्टाग्राम यूजर aiarti11 की प्रोफाइल पर मिला। इसे 13 जुलाई को अपलोड किया गया है। इसके कमेंट में कई यूजर्स ने इसे एआई निर्मित बताया है।

यूजर की प्रोफाइल पर एआई से बने अन्य वीडियो भी देखे जा सकते हैं।
वीडियो को हमने एआई डिटेक्शन टूल कैंटीलक्स से चेक किया तो उस पर इसके 51 फीसदी एआई निर्मित होने की संभावना व्यक्त की गई। वीडियो में एआई टूल से छेड़छाड़ की संभावना की पुष्टि की गई।

वाजइटएआई पर इसके कीफ्रेम को एआई संभावित बताया गया।

एआई एक्सपर्ट अजहर मचावे ने भी इस वीडियो के एआई निर्मित होने की पुष्टि की।
25 जुलाई को दैनिक जागरण की वेबसाइट पर छपी खबर के अनुसार, बिहार में वोटर लिस्ट रिवीजन के पहले राउंड के बाद चुनाव आयोग ने 65 लाख से अधिक वोटर्स के नाम हटाए जाने की घोषणा की है। इसको लेकर आयोग ने राजनीतिक दलों और मतदाताओं से आपत्तियां दर्ज कराने को कहा है।
एआई निर्मित वीडियो को असली समझकर शेयर करने वाले यूजर के करीब 1 लाख 32 हजार फॉलोअर्स हैं।
The post Fact Check: बिहार वोटर लिस्ट रिवीजन से जोड़कर शेयर किया जा रहा वीडियो AI निर्मित है appeared first on Vishvas News.
0 Comments